खुला

« Back to Glossary Index

इस्लाम ने यदि पुरुषों को तलाक का अधिकार दिया है तो स्त्रियों को ‘खुला’ का। स्त्री यदि समझती है कि उसका गुजर-बसर वर्तमान पति के साथ नहीं हो सकता तो वह ‘खुला’ हासिल कर सकती है। स्त्री यदि खुला हासिल करना चाहती है तो उसे वह माल या उसका एक भाग पुरुष को लौटाना होगा जो उसे ‘महर’ के रूप में मिला था। स्त्री यदि पति के अन्याय के कारण खुला हासिल करना चाहती है तो पुरुष को सिरे से माल लेना ही उचित न होगा।